भवन के वास्तु दोष आर्थिक संकट के कारक होते हैं-डॉ भूपेन्द्र वास्तुशास्त्री
होशियारपुर/दलजीत अज्नोहा
हमारे जीवन में घटित होने वाली अच्छी एवं बुरी घटनाओं के पीछे हमारे भवन की वास्तु का प्रभाव होता है ।भवन की वास्तु अच्छी तो जीवन में मंगल ही मंगल और भवन में जितने वास्तु दोष उतने ही संकट जिसमें खासकर आर्थिक तंगी ,उधार धन का डुबाना ,आपके लेनदेन पर बुरा प्रभाव डालते हैं ऐसा मानना है अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त वास्तुविद एवं लेखक डॉ भूपेंद्र वास्तुशास्त्री का ।अगर आप का धन ग़लत तरीक़े से खर्च हो रहा है या ग़लत लोगो के द्वारा खर्च हो रहा है तो ईशान कोण के वास्तु दोष को ठीक करना चाहिए !उधार दिया हुआ धन वापस नहीं आ रहा है या डूबने के कगार पर है या कोर्ट कचहरी के चक्कर में पड़ते नज़र आ रहा है तो अपने घर के आग्नेय कोण को वास्तु दोष से मुक्त करने में ही फ़ायदा होगा!बहुत बार आग्नेय कोण के वास्तु दोष व्यक्ति को चाह कर भी वापिस लेनदेन में बाधित करता है या यह कह दे की साख डुबाता है!वायव्य के वास्तु दोष लेनदेन की वजह से लड़ाई झगड़ा करवा देते है आपसी संबंधों में खटास उत्पन्न कर देते है!अगर आप का धन आपके काम ही नहीं आ रहा हो या जिससे भी लेन देन हुई वहाँ विवाद जब तकाजा करे तब सामने वाला ऐसे बहाना बनाये की आपको उसके आगे झुकना पड़े तो समझो घर नेरीत्य के दोष अपना प्रभाव दिखाते है !इन दोषों में पंच तत्वों का विशेष प्रभाव देखने को मिलता है!वास्तु दोषों को सुधार कर आप अपनी ईमानदारी को कायम रख सकते है साथ ही आपके धन का कोई दूसरा दुर्पयोग भी नहीं कर पाएगा!

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